बाड़मेर। संबंधित विभागीय अधिकारी आवंटित लक्ष्यों की शत-प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित
करवाएं। केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय के निदेशक एवं आशान्वित ब्लॉक रामसर के केंद्रीय प्रभारी अधिकारी आईएएस श्याम लाल पूनिया ने मंगलवार को बाड़मेर जिला मुख्यालय पर कॉन्फ्रेंस हॉल में आशान्वित ब्लॉक रामसर में संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए यह बात कही।
इस दौरान निदेशक श्याम लाल पूनिया ने कहा कि  नीति आयोग के आशान्वित ब्लॉक कार्यक्रम में शामिल रामसर में स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, कृषि और आधारभूत संरचना एवं क्षेत्र में विकास 
के लिहाज से योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाना है। इसके लिए समन्वित प्रयासों के साथ आवंटित राशि का समुचित इस्तेमाल किया जाएं। उन्होंने कहा कि समस्त विभागीय अधिकारी एवं कार्मिक अपने स्तर पर बेहतरीन प्रयास करें। ताकि आशान्वित ब्लॉक की रैंकिंग में अपेक्षित सुधार हो सके।
बैठक के दौरान निदेशक श्याम लाल पूनिया ने विभागवार ब्लॉक स्तर पर चल रही योजनाओं के क्रियान्वयन, प्रगति और चुनौतियों पर गहन चर्चा की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम के तहत निर्धारित संकेतकों में सुधार लाने के लिए टीम वर्क के साथ समन्वित प्रयास किए जाएं और लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी प्रकार की समस्या होने पर जिला स्तर पर अवगत कराए।
जिला कलक्टर टीना डाबी ने आशान्वित ब्लॉक में विभागवार आवंटित लक्ष्यों की प्राप्ति के बारे में आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने केन्द्रीय प्रभारी अधिकारी की ओर से दिए गए निर्देशों की पालना करवाने का भरोसा दिलवाते हुए बाड़मेर जिले में पद रिक्तता संबंधित दिक्कतों एवं प्रस्तावित कार्य योजना के बारे में अवगत कराया। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर राजेंद्र सिंह चांदावत, रामसर उपखंड अधिकारी रामलाल मीणा, मुख्य आयोजना अधिकारी नखताराम इशरान, सूचना एवं विज्ञान अधिकारी दिलीप जैन, अधीक्षण अभियंता हजारीराम बालवा, संयुक्त निदेशक प्रहलाद सिंह राजपुरोहित, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उप निदेशक सुरेंद्र प्रतापसिंह भाटी, पदमसिंह भाटी, अतिरिक्त निदेशक रामचंद्र बामणिया, विकास अधिकारी विक्रम जांगिड़ सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि रामसर ब्लॉक नीति आयोग के आशान्वित ब्लॉक कार्यक्रम में शामिल है, जहां स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, कृषि और आधारभूत संरचना जैसे क्षेत्रों में तेजी से विकास पर जोर दिया जा रहा है।